सरकार ग़ौस-ए-आ़ज़म رحمۃ اللہ علیہ और शैतान का फ़रेब

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 *🥀 सरकार ग़ौस-ए-आ़ज़म رحمۃ اللہ علیہ और शैतान का फ़रेब 🥀* 



🔮सरकार ग़ौस-ए-आ़ज़म رحمۃ اللہ علیہ के साहिबज़ादे शेख़ मूसा رحمۃ اللہ علیہ बयान करते हैं कि मैंने अपने वालिदे मोहतरम यानी सरकार ग़ौस-ए-आ़ज़म رحمۃ اللہ علیہ को कहते सुना।

एक बार आप किसी ऐसे जंगल की तरफ़ निकल गए जहां दाना-पानी का नामोनिशान ना था। आप कई रोज़ तक वहीं रहे। यहां तक कि आप पर प्यास का ग़ल्बा हुआ। फ़िर आप के सर पर एक बदली का टु‌कड़ा आया। उससे आप पर कुछ‌ तरी ‌‌‍टपकी। जिससे आप सैराब हो गए। 

फिर एक रोशनी दार सूरत दिखाई दी। जिससे आसमान के किनारे रोशन हो गए। इस सूरत से मुझे यह आवाज़ सुनाई दी कि अब्दुल क़ादिर.! मैं तुम्हारा रब हूं। मैंने तमाम हराम बातें तुम पर हलाल कर दीं। सरकार ग़ौस-ए-आ़ज़म رحمۃ اللہ علیہ बयान करते हैं कि मैंने اعوذ بالله من الشيطان الرجيم पढ़ कर उसे धुत्कारा तो उसकी रोशनी ख़त्म हो गई। और वह धुंंए की तरह दिखाई देने लगी। फिर उस से आवाज़ आई। ए अब्दुल क़ादिर तुमने अपने इल्म और अल्लाह तआ़ला के हुक्म से मेरे फ़रेब से छुटकारा हासिल किया। वरना मैं अपने इस धोखे से 70 से ज़्यादा साहिबे तरीक़त को गुमराह कर चुका हूं। मैंने कहा बेशक मेरे परवरदिगार का फज़्लो करम मेरे शामिले हाल है। 

🪩सरकार ग़ौस-ए-आ़ज़म رحمۃ اللہ علیہ बयान करते हैं कि इसके बाद मुझसे कहा गया कि तुमने शैतान को किस तरह पहचाना...? मैंने कहा कि मैंने उसकी बात से उसे पहचान लिया। कि "अब्दुल क़ादिर मैंने तुम पर तमाम हराम बातें हलाल कर दीं।' और मुझे मालूम था कि अल्लाह तआ़ला बुरी बातों का किसी को भी हुक्म नहीं देता।।

 *📚 शरह़ क़लाइद-उल-जवाहिर फ़ी मनाक़िबि शेख़ अब्दुल क़ादरी, पेज नंबर 91* 

🔨बहुत सारे फ़र्ज़ी पीर आजकल बस अपना धंधा चलाने के लिए हराम हलाल में कोई फ़र्क नहीं करते। शरीअ़त के ख़िलाफ़ करने पर तुले रहते हैं। और अवाम भी अंधी हो कर उनके पीछे दौड़ती रहती है। अगर उन्हें समझाया जाए तो कहते हैं कि मौलवियों की बातें अलग हैं और हमारी पीरों की बातें अलग। पीरों के पीर के इस वाक्य ने हमें बता दिया कि शरीअ़त सबसे पहले है। और जो इससे हट जाता है वह गुमराह होता है। इससे हमें यह भी मालूम हुआ कि शैतान हर शख़्स के पीछे लगा रहता है। इसलिए इससे बचना बहुत ज़रूरी है। और जो चीज़ें शरीअ़त ने हराम कर दीं हैं वह हर हाल में बुरी हैं। और किसी के लिए हलाल नहीं हो सकतीं। 

एक बात यह भी मालूम हुई कि जब भी किसी शैतानी हरकत का एहसास हो या किसी बुराई की तरफ चलें तो उससे रुकने के लिए اعوذ بالله من الشيطان الرجيم पढ़ लिया करें ان شاء الله बुराई से रुक जाएंगे।

               

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*🏁 MASLAKE AALA HAZRAT 🔴*

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